चाश्त की नमाज़
Author: Admin Labels:: नमाज़, नमाज़- चाश्तचाश्त की नमाज़ का सही वक़्त आफ़ताब के ख़ूब तुलूअ हो जाने पर शुरू होता है. चाश्त में कम से कम दो और ज़्यादा से ज़्यादा 12 अकअत पढ़ी जाती हैं.
प्यारे नबी हज़रत मुहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम चाश्त की चार रकअत पढ़ते थे और अल्लाह जिस क़द्र चाहता, उतनी पढ़ लेते. (मुस्लिम 719)
नबी हज़रत मुहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम ने फ़रमाया- जो शख़्स चाश्त की दो रकअत को हमेशा पढ़ता रहे, उसके गुनाह बख़्श दिए जाएंगे, अगर्चे वोह समन्दर के झाग के बराबर हों.

